यूएस फेडरल रिजर्व की रेट हाइक के बाद भारतीय शेयर बाजार फ्लैट खुला, Sensex 80 अंक मजबूत

भारतीय शेयर बाजार के बेंचमार्क इंडेक्स यूएस फेडरल रिजर्व की इंटरेस्ट रेट हाइक के बाद गुरुवार को फ्लैट खुले। शुरुआती कारोबार के दौरान Nifty 23,200 के स्तर से ऊपर टिके रहने में कामयाब रहा, जबकि Sensex में करीब 80 अंकों की तेजी दर्ज की गई।
मुंबई के आंकड़ों के अनुसार दोनों बेंचमार्क इंडेक्स ने गैप-डाउन ओपनिंग के साथ सत्र की शुरुआत की। Sensex पिछले बंद 74,336.45 के मुकाबले 74,182.62 पर खुला और 80.27 अंक यानी 0.11 फीसदी की बढ़त के साथ 74,416.72 के आसपास ट्रेड कर रहा था। इसी तरह Nifty बुधवार के बंद 23,217.60 के मुकाबले 33.25 अंक या 0.14 फीसदी की तेजी के साथ 23,250.85 के स्तर पर कारोबार कर रहा था।
- Sensex 74,416.72 के आसपास ट्रेड कर रहा था और 80.27 अंक ऊपर था।
- Nifty 23,250.85 के स्तर पर कारोबार कर रहा था और 33.25 अंक ऊपर था।
- रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 95.99 पर खुला।
- Brent crude करीब USD 105.80 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था।
- क्रूड ऑयल करीब USD 102.35 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था।
ब्रॉड मार्केट और सेक्टरों का हाल
सत्र के दौरान सभी ब्रॉड मार्केट इंडेक्स हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। सेक्टर के आधार पर अधिकांश इंडेक्स हरे निशान में रहे, जबकि IT, bank और media नेगेटिव जोन में ट्रेड कर रहे थे।
NSE पर BEL, Eternal, Bajaj Finance, HDFC Life, Asian Paints, Power Grid, Tata Steel, Adani Ports, Reliance, LT, ITC, NTPC, Hindalco आदि शेयर टॉप गेनर्स में शामिल रहे। इसी दौरान ONGC, HCL Tech, Titan, Infosys, TCS, Wipro, Tech Mahindra, HDFC Bank आदि शेयर टॉप लूजर्स की सूची में रहे।
BSE पर Eternal, BEL, Bajaj Finance, M&M, Tata Steel, Asian Paints, Reliance, Power Grid, Indi Go, ITC आदि शेयर सबसे आगे रहे। इसके विपरीत TCS, HCL Tech, Infosys, ICICI Bank, Hindustan Unilever आदि शेयर गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे।
रुपया और कमोडिटी बाजार की स्थिति
रुपए ने दिन की मजबूत शुरुआत की और 24 जुलाई 2026 के बाद पहली बार 96 प्रति डॉलर के स्तर को पार कर लिया। रुपया अमेरिकी डॉलर के मुकाबले बुधवार के बंद 95.96 की तुलना में 95.99 पर खुला।
कमोडिटी बाजार में रिपोर्टिंग के समय Brent crude करीब USD 105.80 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था। इसके अलावा क्रूड ऑयल करीब USD 102.35 प्रति बैरल पर कारोबार कर रहा था।
मार्केट एक्सपर्ट्स के विचार
मार्केट एनालिस्ट विपिन दीक्सेना ने बताया कि निवेशकों द्वारा यूएस फेडरल रिजर्व के 25-bps रेट हाइक और इस साल के अंत तक एक और बढ़ोतरी के संकेत को पचाने के कारण भारतीय बाजार दबाव में खुले। उन्होंने कहा कि बाजार ने निचले स्तरों पर बचाव की क्षमता दिखाई है और क्रूड के 105 डॉलर के आसपास आने से भारत को कुछ राहत मिली है।
टेक्निकल तौर पर 23,100–23,070 का स्तर तुरंत सपोर्ट जोन है जिस पर उनकी नजर है। यदि Nifty इस क्षेत्र को थामे रहता है तो 23,400–23,500 की तरफ एक और कोशिश देखी जा सकती है, लेकिन 23,070 से नीचे निर्णायक गिरावट शॉर्ट-टर्न स्ट्रक्चर को कमजोर रखेगी।
HSL Prime Research के देवांश वकील ने बताया कि अब निवेशकों का ध्यान बैंक ऑफ इंग्लैंड के आज के फैसले पर है। बाजारों में व्यापक रूप से यह उम्मीद की जा रही है कि BoE 6-3 के वोट के माध्यम से अपने बैंक रेट को 3.75% पर स्थिर रखेगा। नीति निर्माताओं को ऑटम बजट से पहले सतर्क देखा जा रहा है, जबकि मिडिल ईस्ट के तनाव और बढ़े हुए एनर्जी प्राइसेस ने इन्फ्लेशन रिस्क को बढ़ा दिया है।