CBI ने Reliance Home Finance मामले में 11 आरोपियों के खिलाफ दूसरी chargesheet की दाखिल

CBI ने Reliance Home Finance मामले में 11 आरोपियों के खिलाफ दूसरी chargesheet की दाखिल

सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन ( CBI ) ने Thursday को Reliance Home Finance Ltd ( RHFL ) मामले में स्पेशल जज फॉर CBI केसेज, मुंबई के सामने अपनी दूसरी chargesheet दाखिल कर दी है।

यह chargesheet 11 आरोपियों के खिलाफ दाखिल की गई है, जिनमें Reliance ADA Group के 3 executives, 7 कंपनियों और एक चार्टर्ड अकाउंटेंट शामिल हैं।

आरोपियों पर इंडियन पीनल कोड ( IPC ) के तहत क्रिमिनल कॉन्स्पिरसी और चीटिंग के अपराधों के लिए chargesheet दायर की गई है।

  • दूसरी chargesheet में Amit Bapna, Amitabh Jhunjhunwala और Suresh Nagarajan के नाम शामिल हैं।
  • RHFL द्वारा उधार लिए गए Rs 7,429.16 करोड़ के फंड को डाइवर्ट करने का आरोप है।
  • यह मामला Union Bank of India और अन्य पब्लिक सेक्टर बैंकों की शिकायतों पर दर्ज किया गया था।
  • इस chargesheet के बाद मामले में कुल 15 आरोपियों को chargesheet किया जा चुका है।

चार्जशीट में शामिल प्रमुख व्यक्ति और कंपनियां

CBI के अनुसार, chargesheet में RHFL के डायरेक्टर और CFO Amit Bapna, Reliance Capital Ltd ( RCL ) के ग्रुप MD और वाइस चेयरमैन Amitabh Jhunjhunwala, और Reliance Power Ltd के CFO Suresh Nagarajan का नाम शामिल है।

जिन 7 कंपनियों को आरोपी बनाया गया है, उनके नाम Reliance Infrastructure Limited, Reliance Power Ltd., Reliance Big Entertainment Pvt. Ltd., Reliance Broadcast Network Limited, Reliance Business Broadcast News Holdings Ltd., Reliance MediaWorks Financial Services Pvt. Ltd. और Kunjbihari Developers Pvt. Ltd. हैं।

इसके अलावा RHFL के CA और स्टेट्यूटरी ऑडिटर Vijay Napawaliya को भी आरोपी बनाया गया है।

फंड के डायवर्जन का मामला और बैंकों को नुकसान

अब तक की जांच से पता चला है कि RHFL द्वारा उधार लिए गए Rs 7,429.16 करोड़ के फंड को कथित तौर पर इंटरमीडिएरी और कोंड्यूट एंटिटीज के माध्यम से विभिन्न Reliance ADA Group कंपनियों में डाइवर्ट किया गया था।

यह फंड उधार देने वालों द्वारा निर्धारित नियमों और शर्तों का उल्लंघन करके डाइवर्ट किया गया था।

CBI ने बताया कि इस कथित डायवर्जन के कारण उधार देने वाले बैंकों और वित्तीय संस्थानों को wrongful loss हुआ और आरोपियों तथा संबंधित एंटिटीज को wrongful gain हुआ।

शिकायतें और जांच की अब तक की स्थिति

एजेंसी ने यह मामला Union Bank of India, जो पहले Andhra Bank था, और कंसोर्टियम का हिस्सा रहे अन्य पब्लिक सेक्टर बैंकों से प्राप्त शिकायतों के आधार पर दर्ज किया था।

इस मामले में पहली chargesheet 09.07.2026 को 4 आरोपियों के खिलाफ दाखिल की गई थी।

इस chargesheet के दाखिल होने के साथ ही, इस मामले में वरिष्ठ अधिकारियों और ग्रुप कंपनियों सहित कुल 15 आरोपियों को chargesheet किया जा चुका है।

अन्य आरोपियों की भूमिका का पता लगाने और अन्य आरोपों की जांच के लिए आगे की जांच जारी है।

अन्य दर्ज FIR और आगे की कार्रवाई

दिल्ली के CBI, BSFB ने विभिन्न पब्लिक सेक्टर बैंकों, LIC और EPFO से प्राप्त शिकायतों के आधार पर Reliance Communications Limited, Reliance Home Finance Limited, Reliance Commercial Finance Limited, Reliance Telecom Limited और Reliance Capital Ltd के खिलाफ 9 FIR भी दर्ज की हैं।

एजेंसी ने पहले Reliance ADA Group से जुड़े मामलों में 6 chargesheets दाखिल की थीं।

वर्तमान chargesheet सातवीं chargesheet है, जबकि इस मामले में अब तक 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

CBI ने कहा है कि इन मामलों में जांच Hon'ble Supreme Court द्वारा मॉनिटर की जा रही है और CBI इन मामलों की त्वरित और व्यापक जांच करने के लिए प्रतिबद्ध है।

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