BSE ने निवेशकों को दी चेतावनी, महंगे भाव पर इंटरनेशनल ETF खरीदने से बचें

मुम्बई, महाराष्ट्र, भारत में 25 September को ANI की रिपोर्ट के अनुसार BSE ने निवेशकों को इंटरनेशनल exchange-traded funds यानी ETFs को महंगे भाव पर खरीदने के खिलाफ चेतावनी दी है।
एक्सचेंज ने चेतावनी दी है कि ऐसे ETFs के market prices में अचानक गिरावट आ सकती है, भले ही underlying overseas securities की value स्थिर बनी रहे।
एक्सचेंज ने बताया कि कुछ international ETFs की units उनके net asset value यानी NAV से काफी ज्यादा premium पर trade हो रही हैं।
- BSE ने निवेशकों को international ETFs को महंगे भाव पर खरीदने से बचने की सलाह दी है।
- कुछ international ETFs की units उनके NAV पर काफी बड़े premium पर trade हो रही हैं।
- Mutual funds के overseas investment limits पूरी तरह इस्तेमाल हो चुके हैं।
- SEBI द्वारा 15 June 2026 को जारी फ्रेमवर्क के तहत कई नियम लागू किए गए हैं।
- ऑर्डर देने से पहले exchange या AMFI की वेबसाइट पर NAV जरूर जांच लें।
क्यों बढ़ रहे हैं इंटरनेशनल ETF के दाम और क्या है जोखिम
BSE ने अपने नोटिस में कहा है कि mutual funds के लिए उपलब्ध overseas investment limits का पूरी तरह उपयोग हो चुका है।
इसके परिणाम स्वरूप, mutual funds नए international ETFs की units बनाने में प्रतिबंधित हैं।
units की सीमित सप्लाई होने के कारण उनके market prices underlying assets की value से काफी ऊपर जा सकते हैं।
BSE ने चेतावनी दी है कि जो निवेशक इन units को भारी premium पर खरीद रहे हैं, उन्हें कीमत में अचानक गिरावट के जोखिम का सामना करना पड़ सकता है।
यह गिरावट overseas markets में उतार-चढ़ाव से जुड़ी नहीं होगी।
किस स्थिति में आ सकती है बड़ी गिरावट और क्या हैं नए नियम
यदि overseas investment limits बढ़ा दी जाती हैं, तो कीमतों में तेज सुधार हो सकता है।
1 April 2027 से जब ETF price bands तय करने का base price पिछले दिन के NAV पर शिफ्ट हो जाएगा, तब भी सुधार हो सकता है।
यह बदलाव Securities and Exchange Board of India द्वारा 15 June 2026 को जारी ETF trading framework का हिस्सा है।
base prices, price bands, pre-open call auctions और close-out procedures से जुड़े प्रावधान 7 September से प्रभाव में आ चुके हैं।
- Overseas investment limits बढ़ने पर prices में sharp correction आ सकता है।
- 1 April 2027 से base price पिछले दिन के NAV पर शिफ्ट हो जाएगा।
- नियम 15 June 2026 को जारी SEBI फ्रेमवर्क का हिस्सा हैं।
- प्रावधान 7 September से लागू हो चुके हैं।
निवेशकों के लिए BSE की सलाह और जरूरी सावधानी
उपरोक्त स्थितियों को देखते हुए, सभी investors और market participants को अत्यधिक सावधानी बरतने और due diligence करने की सलाह दी जाती है।
एक्सचेंज ने निवेशकों को सलाह दी है कि international ETFs में orders देने से पहले stock exchange या Association of Mutual Funds in India की वेबसाइट पर उपलब्ध NAV की जांच करें।
निवेशक अपने trading application या terminal पर भी NAV देख सकते हैं।
- सभी investors को extreme caution बरतने की सलाह दी गई है।
- orders देने से पहले exchange वेबसाइट पर NAV चेक करना जरूरी है।
- AMFI की वेबसाइट का उपयोग किया जा सकता है।
- trading application या terminal पर भी जांच की जा सकती है।